मेयर और टैक्स अधिकारियों में धुआंधार, जनता पर दबाव न बनाएं बीजेपी की छवि खराब कर रहे हैं अधिकारी, बिहारी लाल आर्य झांसी मेयर
झांसी, एक और महानगर बनने की जहां खुशी थी स्मार्ट सिटी के फायदे सरकार गिना रही थी वहीं दूसरी ओर आम जनता की सेटेलाइट द्वारा सर्वे में हाउस टैक्स ने कमर तोड़ रखी है वहीं दूसरी ओर अधिकारियों की मनमानी और दुकानों को सील किए जाने के संबंध में कारोबार प्रभावित कहीं ना कहीं भाजपा के वोट बैंक पर बड़ा सवाल खड़ा किया जा रहा है अभी हाल ही में एक मामला देखने को आया पीड़ित विकास गुप्ता मनमोहन साहू की दुकान लगभग 1800 स्क्वायर फीट की है 138000 का नगर निगम द्वारा टैक्स जमा करने का नोटिस दिया गया । वही प्रार्थी व्यापारी का कहना है कि पहले हमारा टैक्स ₹1600 टैक्स था 2019 में ₹8000 कर दिया गया अब ₹26000 हमसे वसूला जा रहा है यह कौन से नियम के तहत लिया जा रहा है वही कार्रवाई को देखते हुए व्यापारी ने दिनांक 3 फरवरी 2026 को अपर आयुक्त से मौखिक समझौता होने पर 85000 सुबह 10:00 बजे के लगभग जमा कर दिया और 11:00 बजे नगर निगम ने दुकानदार की दुकान को सील कर दिया बड़ी दुकानदार ने कहा कि मैं टैक्स जमा कर दिया लेकिन अधिकारी कुछ भी सुनने को तैयार नहीं थे व्यापारी का कहना था कि अब हम अपना जो टैक्स ज्यादा लग गया है उसका निरीक्षण करवा कर यदि और आता है तो जमा करेंगे या फिर जो भी नियम संगत होगा उस पर हमारा दुकान का टैक्स आगे जो हमने पैसा जमा किया है उसमें समाहित किया जाएगा हमारी अपराध से बात हुई थी । लेकिन वही अधिकारी कहते रहे कि हमारे पास कि किसी भी अप्रयुक्त नगर आयुक्त एवं उच्च अधिकारी का नंबर नहीं है पूरा पैसा जमा करो और तानाशाही रवैया अपनाते रहे । इधर दुकानदार ने अपनी शिकायत महापौर को बताई मेरी दुकान को सीज कर दिया गया मेरी इज्जत पैसा देने के बाद भी अधिकारियों द्वारा कठोर कार्रवाई की गई इस पर मेयर साहब ने तत्काल अधिकारी को फोन लगाया लेकिन कोई अधिकारी बात करने के लिए तैयार नहीं था वहीं इसी बात को लेकर मेयर एवं अन्य पार्षद में अपनी बात को रखते हुए कहा ऐसे तो हम व्यापारियों और आम जनमानस के बीच काम नहीं कर पाएंगे और कहीं ना कहीं सरकार की छवि को अधिकारी खराब कर रहे हैं । यह सुनकर मेयर का गुस्सा साथ में आसमान पर पहुंच गया मेयर ने तत्काल सभी अधिकारियों की मीटिंग टैक्स से संबंधित अधिकारियों को दिशा निर्देश दिए कि पहले जिनके टैक्स बढ़ाकर आ रहे हैं उसमें संशोधन प्रक्रिया अपनाई जाए एवं कार्यवाही पर ध्यान रखते हुए यदि व्यापारी या हाउस टैक्स स्वामी जितना भी पैसा देता है आपस में संबंधों को ध्यान रखते हुए और नगर निगम की छवि खराब ना हो इस पर थोड़ा-थोड़ा किस्तों में भी टैक्स लिया जाए l और आम जनमानस व्यापारियों को राहत पहुंचाई जाए ताकि सरकार की छवि खराब ना हो ।
अपर नगर आयुक्त रोली गुप्ता को निर्देश देते हुए तत्काल 85% जब व्यापारी ने टैक्स जमा कर दिया तो उसकी दुकान की सील तत्काल हटाकर दुकान को मुक्त किया जाए मेरे द्वारा निर्देश दिया गया लेकिन वही अपन नगर आयुक्त रोली गुप्ता ने इस पर अपनी आसहमति जताई जिस पर मेयर बिहारी लाल आर्य ने सख्त निर्देश देते हुए कहा की जब व्यापारी ने इतना पैसा जमा कर दिया है तो समस्या कहां है और झांसी में बहुत सारे ऐसे बैंडर हैं जिनका लाखों रुपया बकाया है उस पर क्या कार्रवाई नहीं की और इधर तनातनी को देखते हुए अन्य सभासदों ने भी नगर अपर आयुक्त के इस रवैया को गलत कहते हुए खरी खोटी सुनाई वही अपन नगर आयुक्त रोली गुप्ता ने इस संबंध में नगर आयुक्त आकांक्षा राणा से फोन पर परमिशन ली और फिर कहा कि मेरे अधिकारी ने मुझे आदेश दिए हैं मैं तत्काल दुकान की सील खुलवा रही हूं इस पर मेयर साहब भड़क गए और उन्होंने कहा कि आप जनता की मनोभाव एवं व्यापारी हित को नीचे दिखा रही है केवल अपने अधिकारी की बात ही मानेगी जबकि व्यापारी पैसा जमा कर चुका है और आप और अधिकारी मनमानी कर रहे हैं मैं झांसी का मेयर हूं और मेरी बात भी दरकिनार की जा रही है यह मनमानी ज्यादा दिन नहीं चलेगा l इस पर हंगामा की स्थिति बन गई मेयर साहब ने अधिकारियों को नैतिकता की पाठ पढ़ाते हुए एवं वर्तमान सरकार की मनसा को अधिकारियों को समझाया गलत तरीके के फैसले लेने से जनता के बीच छवि खराब हो रही है ऐसे में नगर निगम परिसर में गहमा गामी का माहौल बन गया उपरोक्त नगर निगम के अधिकारियों ने महापौर के गुस्से को देखते हुए फोन बंद कर लिया तब कहीं बाद में दुकानदार संजीव गुप्ता मनमोहन साहू की दुकान की सील खोली गई ।
बढ़ते हुए टैक्स के कारण एवं गलत टैक्स आने के कारण नगर निगम में बहुत से लोग परेशान हैं अभी हाल ही में विवाह घर एवं अन्य टैक्स की बड़ी हुई दरों के कारण और बीते वर्ष इकट्ठा टैक्स भेजने के कारण समस्या उत्पन्न हुई है भाई सभासदों का कहना है कि कोरोनावायरस बढ़ती हुई महंगाई के कारण व्यापारी आम जनमानस की कमर टूटी हुई है वहीं नगर निगम द्वारा मनमाना टैक्स वसूल किया जा रहा है तो ऐसे में हम बीजेपी की नीतियों को जमीनी स्तर पर कैसे ले जाएंगे और जनता के सामने अपने आप को कैसे रख पाएंगे ।
अधिकारियों के रवियों को लेकर एक और झांसी मेयर बिहारी लाल आर्य ने सख्त निर्देश देते हुए कहा जनता जनार्दन है नगर निगम Smart City जनता की सेवा करने के लिए बना है और सरकार की नीतियां सुचारू से संचालन हो उसके लिए आप लोगों को रखा गया है आप जनता के लिए काम करते हैं और उनकी बात को प्रथम प्राथमिकता दी जाए इस पर किसी भी तरह की अगर दोबारा शिकायत मिलती है तो कठोर कार्रवाई की जाएगी अधिकारियों की मनमानी नहीं चलेगी इससे सरकार की छवि खराब हो रही है और अधिकारियों की मनमानी के चलते बीजेपी की छवि आम जनमानस में खराब की जा रही है यह कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा ।
वहीं नगर निगम के सभासदों का कहना है की अधिकारी अपनी मनमानी पर हैं हमें सरकार की पॉलिसियों को लेकर घर-घर जाना पड़ता है ऐसे में इस तरह की कठोर कार्रवाई से कहीं ना कहीं हमारी छवि खराब होती है अधिकारी तो साल दो साल में अपना ट्रांसफर करके चले जाएंगे लेकिन हमें जनता का सामना करना पड़ता है और जब हम जनता के सामने खड़े नहीं हो पाएंगे तो बीजेपी की नीतियों को कैसे बता पाएंगे आम पब्लिक पहले ही बढ़ते हुए टैक्स नल बिजली पानी और अंदरूनी इलाके में कई सड़क खराब है जगह-जगह गड्ढे देखने को मिल रहे हैं इस पर ध्यान न देकर अधिकारी मनमानी पर उतारू है हमारी छवि खराब की जा रही है । वही एक सभासद में अधिकारियों पर गुस्सा होते हुए कहा की ज्यादा करवाई मनमानी करोगी तो एक दिन बाजार में पीटे जाओगे वह तो हम लोग हैं जो आम जनमानस व्यापारियों को संभाले हुए हैं नहीं तो जगह-जगह व्यापारी आम जनमानस तुम्हारे साथ दौड़ा-दौड़ा कर ठुकाई पिटाई की जाएगी और तब समझ में आएगा की जनता के बीच कैसे जाया जाता है इन्हीं सभी चर्चाओं में सभी सभासद अधिकारियों की कार्यशैली पर आक्रोशित नजर आए ।
वहीं नगर निगम के मेयर बिहारी लाल आर्य ने सख्त निर्देश दिए हैं कि हमने इतनी खूबसूरत लाइट लगवाई हैं खम्बो के ऊपरउस पर जगह-जगह किओस्क्स लगा लगा दिए गए हैं इन्हें तत्काल प्रभाव से हटा दिया जाए और इससे हमें कम पैसा मिलता है लेकिन शहर की खूबसूरती को खराब किया जा रहा है यह निर्देश अपर नगर आयुक्त को दिए गए ।
वही नगर निगम के मेयर बिहारी लाल आर्य द्वारा एक अधिकारी को खरी खोटी एवं आड़े हाथों लिया की तुम्हारी हिम्मत कैसे हुई मेरी फोटो लगी हुई कार्यक्रम की होर्डिंग हटाने की इस पर अधिकारी ने सफाई दी लेकिन मेयर साहब का पारा सातवें आसमान पहुंच गया सख्त चेतावनी देते हुए दोबारा ऐसी कार्रवाई की तो ज्यादा दिन काम नहीं कर पाओगे । पांडे
वही आम जनमानस का कहना है कि अभी कुछ दिन पूर्व 31 जनवरी को स्थापना दिवस मनाया गया था हमें इससे क्या लेना देना जिसके पास पैसा है उसके लिए स्थापना दिवस है आम आदमी तो रोजी-रोटी के लिए ही संघर्ष कर रहा है यदि बढ़ती हुई महंगाई बच्चों की शिक्षा और स्वास्थ्य पर खर्च और सुरक्षा कैसी मिलती है यह तो आप देख ही सकते हैं कितने लोग आत्महत्या कर रहे हैं एक्सीडेंट हो रहे हैं मानसिक रूप से दिनभर जरूर की पूंजी जुटाने में ही निकल जाता है ऐसे में बड़े हुए टैक्स महानगर निगम में बिजली पानी की व्यवस्था कैसे करें सरकारी नीतियों बजट से आम आदमी को क्या फायदा है यह सोचने का प्रश्न है ।