*उरई: स्टेशन रोड अतिक्रमण अभियान पर सवाल, कार्रवाई में पक्षपात के आरोप*
जालौन :० उरई में स्टेशन रोड पर चलाए गए अतिक्रमण हटाओ अभियान पर अब सवाल उठने लगे हैं। अभियान के दौरान नगर पालिका परिषद की कार्यशैली को लेकर गंभीर आरोप सामने आए हैं, जिनमें पक्षपात और मनमानी कार्रवाई की बात कही जा रही है। बताया जा रहा है कि बेड़ा होटल के संचालक पर सिर्फ इसलिए सख्त कार्रवाई की गई क्योंकि उसने कथित रूप से खाने के पैसे ले लिए थे। आरोप है कि नगर पालिका परिषद के एक जिम्मेदार अधिकारी ने निजी खुन्नस के चलते होटल का टीन शेड गिरवाने के निर्देश दिए। यहां तक कहा गया कि “साहब, इसने खाने के रुपये लिए थे, तो इसका टीन शेड गिरना ही चाहिए।” आरोप यह भी है कि सिटी मजिस्ट्रेट द्वारा 10 हजार रुपये के चालान के स्पष्ट निर्देश दिए गए थे, लेकिन नगर पालिका कर्मियों ने उन्हें नजरअंदाज करते हुए चालान की राशि को 2 से 3 हजार रुपये में तब्दील कर दिया। वहीं दूसरी ओर, पालिका कर्मी की सिफारिश पर मोहन चाय की दुकान के टीन शेड को कार्रवाई से बख्शे जाने का आरोप है। इतना ही नहीं, गरीब दुकानदारों के टीन शेड हटाए गए, जबकि फोन पर बातचीत के बाद सड़क पर रखे भारी जनरेटर को छोड़ दिया गया। पूरे अभियान के बाद अब सवाल यह उठ रहा है कि क्या अतिक्रमण हटाओ अभियान नियमों के तहत चला या फिर यह व्यक्तिगत पसंद-नापसंद और सिफारिशों की भेंट चढ़ गया।