आसरा ने आदिवासी परिवारों के साथ मनाया नव वर्ष
समाज को दिया संवेदनशीलता का संदेश
झांसी। नव वर्ष के अवसर पर जनपद में सामाजिक सरोकार की एक प्रेरणादायक मिसाल सामने आई, जब आसरा एनजीओ ने आदिवासी बच्चों और उनके परिवारों के साथ रेस्टोरेंट में नव वर्ष समारोह का आयोजन कर उन्हें खुशियों से जोड़ने का प्रयास किया। यह पहल समाज के उस वर्ग के लिए की गई, जो आमतौर पर आर्थिक व सामाजिक कारणों से ऐसे आयोजनों से दूर रह जाता है।
इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि नगर विधायक रवि शर्मा व आयोजन आसरा एनजीओ की अध्यक्ष पूजा शर्मा के नेतृत्व में किया गया। उन्होंने बताया कि आदिवासी परिवार अक्सर त्योहारों और विशेष अवसरों पर बच्चों के साथ जश्न मनाने के अवसरों से वंचित रहते हैं। महंगे रेस्टोरेंट या सार्वजनिक आयोजनों में शामिल होना उनके लिए आसान नहीं होता। इसी को ध्यान में रखते हुए यह नव वर्ष समारोह आयोजित किया गया, ताकि आदिवासी बच्चों और उनके परिवारों को भी समाज के समान उत्सव का अनुभव मिल सके।
कार्यक्रम के दौरान बच्चों के चेहरे पर खुशी और उत्साह साफ दिखाई दिया। सभी ने मिलकर नव वर्ष का स्वागत किया और एक आत्मीय माहौल में भोजन एवं कार्यक्रम का आनंद लिया। आसरा एनजीओ की पूरी टीम इस दौरान आदिवासी परिवारों के साथ मौजूद रही और उन्हें अपनापन व सम्मान का अनुभव कराया।
पूजा शर्मा ने कहा कि इस पहल का मुख्य उद्देश्य समाज के वंचित वर्गों को मुख्यधारा से जोड़ना और उनमें आत्मविश्वास का संचार करना है। उन्होंने समाज के अन्य लोगों और संस्थाओं से भी अपील की कि वे आगे आकर ऐसे मानवीय प्रयासों में सहयोग करें, जिससे जरूरतमंद परिवारों तक खुशियां पहुंचाई जा सकें।
इस अवसर पर बंटी शर्मा, निशांत वर्मा, कीर्ति वर्मा, शक्ति क्रोशिया, अर्पण द्विवेदी, रजनी यादव, उर्वशी कुशवाहा, संजय चड्ढा, विकास गुप्ता, शिखा परिहार, दिलीप अग्रवाल, आरती तिवारी, राजीव राठौड़ी , शिखा परिहार , उर्वशी कुशवाहा, दीपक, अभिषेक राय, सहित आसरा एनजीओ के कई अन्य सदस्य उपस्थित रहे।
सामाजिक क्षेत्र से जुड़े लोगों ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे आदिवासी समुदाय के लिए एक सकारात्मक और प्रेरणादायक कदम बताया है। यह आयोजन न केवल नव वर्ष का उत्सव रहा, बल्कि समाज में समानता, सहयोग और संवेदनशीलता का संदेश भी दे गया।