रिपोर्ट-धीरेन्द्र रायकवार
झांसी – जहां एक ओर प्रदेश पुलिस प्रशासन के मुखिया ओपी सिंह के द्वारा कानून व्यवस्था दुरस्त करने की बात कही जा रही है। वहीं पर समथर पुलिस द्वारा कानून व्यवस्था की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं।
समथर थाना क्षेत्र में अवैध कार्यों का जखीरा मां लीजिये। और सारे अवैध कार्य समथर पुलिस के संरक्षण में चल रहे है। पुलिस के संरक्षण में अवैध कार्यों का धंधा फल-फूल रहा है। और समथर पुलिस के द्वारा अपनी जेब भरने का काम किया जा रहा है।
यह बना चर्चा का विषय……..
समथर क्षेत्र में यह चर्चा का विषय बना हुआ है। कि कुछ दिनों पूर्व में हुई ग्राम कैलिया के थाना कैलिया जिला जालौन के एक दम्पति अली खान पति और उसकी पत्नी से हुई लोहागढ़ में लूट की घटना का पुलिस आज तक कोई खुलासा नहीं कर पाई।
सूत्रों से मिली जानकारी…………..
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार बताया जा रहा है। कि समथर पुलिस को रुपए दो और कोई भी अवैध कार्य करो। समथर थाना क्षेत्र में ऐसे भी कई ग्राम है। जहां पर धडल्ले से अवैध शराब का कार्य पुलिस संरक्षण में फल फूल रहा है। आपको बता दें कि जिन ग्रामों में शराब के ठेका भी नहीं है। ऐसे ग्रामों में खुलेआम ग्रामों में अवैध शराब बेची जा रही है। और बुंदेलखंड की गरीब जनता को अंदर ही अंदर खोखला करने का काम इन प्रशासनिक अधिकारियों के संरक्षण में ही हो रहा है। या फिर आप यूं भी मान छोटा सुख बुंदेलखंड की जनता पर प्रहार कर रहा है और गरीब बुंदेलखंड के लोग इसे पीकर अपने परिजनों के साथ मारपीट करते हैं। और आएदिन हंगामा होते रहते हैं।
बुंदेलखंड में बढ़ते अपराध का कारण क्या……. पुलिस विभाग……
ऐसे ही का अवैध कार्यों के चक्कर में या तो फिर धन लालच के चक्कर में या फिर गरीबी से मजबूर होकर लोग अपराध के रास्ते को चुनकर अपराध में प्रवेश कर जाते हैं। और फिर लूट चोरी और डकैती जैसी घटनाओं को अंजाम दे डालते हैं। जिनकी एक बानगी आपने झांसी जनपद के थाना समथर में देखी हुई है। जब से नए थाना प्रभारी ने यहां का चार्ज संभाला है। लगभग तीन-चार लूट चोरी और वगैरा-वगैरा न जाने कई प्रकार की घटनाएं हो चुकी है।
जब एक रक्षक ही बन जाए…………. तो क्या होगा आम जनता का…..
अब देखना यह होगा जिला के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के द्वारा क्या ऐसे आपराधिक किस्म के लोगों व समथर पुलिस के ऊपर लगाम कसी जाती है। या फिर समथर पुलिस के संरक्षण में ऐसे ही अपराधी किस्म, के लोग अपराध को अंजाम देते और अवैध शराब का काम होता रहेगा, और डीजीपी के कानून व्यवस्था के आदेशों की धज्जियां उड़ाने का काम होता रहेगा।