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टीकाराम यादव स्मृति स्नातकोत्तर महाविद्यालय को सर्वश्रेष्ठ महाविधालय का क्यों मिला आवार्ड एक क्लिक कर देखें धीरेन्द्र रायकवार की खास रिपोर्ट

ग्रामीण एडीटर धीरेन्द्र रायकवार

मोंठ/झाँसी –

क्या है टीकाराम पीजी महाविद्यालय, किसने और क्यों रखीं इसकी नींव——- समथर गरौठा विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक दीप नारायण सिंह यादव था कि वह अपने क्षेत्र के युवाओं को शिक्षा के लिए दर-दर नहीं भटकने देंगे और उन्हें बेहतर शिक्षा देने के उद्देश्य उन्होंने टीकाराम स्मृति पीजी महाविद्यालय की स्थापना करवाई थी, और कहीं न कहीं इस महा विद्यालय परिवार व छात्र-छात्राओं ने उनके मंसूबे को जिंदा रखा महाविद्यालय का भी बहुत बड़ा योगदान है जो छात्र छात्राओं को अच्छी शिक्षा प्रदान की।

महाविद्यालय परिवार व छात्र-छात्राओं की मेहनत—————- महाविद्यालय परिवार व छात्र छात्राओं की मेहनत का ही यह नतीजा है, टीकाराम स्मृति पीजी महाविद्यालय के छात्र-छात्राओं ने नाम रोशन किया दीप नारायण सिंह पूर्व विधायक गरौठा द्वारा संचालित टीकाराम यादव पीजी, महाविद्यालय को बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर, मानकानुसार प्रवक्ताओं द्वारा अध्यापन,  खेलकूद, सांस्कृतिक गतिविधियां, एन एस एस, एनसीसी, रेंजर रोवर्स संबंधी गतिविधियों के आधार पर बुंदेलखंड विश्वविद्यालय झांसी द्वारा इस वर्ष सर्वश्रेष्ठ महाविद्यालय का प्रथम पुरस्कार प्रदान किया।

आखिर क्यों मिला टीकाराम पी जी महाविद्यालय को सर्वश्रेष्ठ का अवार्ड——इस संबंध में महाविद्यालय के प्रबंध समिति के चेयरमैन प्रोफेसर अशोक यादव ने बताया कि बुंदेलखंड विश्वविद्यालय के अंतर्गत लगभग 360 महाविद्यालय संबद्ध है, जिसका भौतिक सत्यापन बुंदेलखंड विश्वविद्यालय द्वारा इस वर्ष किया गया, जिसमें पैनल द्वारा टीकाराम यादव महाविद्यालय, मोंठ को ‘मानक पर खरा मानते हुए, प्रथम पुरस्कार दिया।

महाविद्यालय में किन बिषयों व किन-किन डिग्रियों की है सुविधा——–प्रबंध समिति के चेयरमैन प्रोफेसर अशोक यादव ने बताया कि महाविद्यालय में बी कॉम, बी एस सी, बी ए, बीटीसी, (गणित, रसायन विज्ञान, वनस्पति विज्ञान) एवं एम ए में( गृह विज्ञान, इतिहास हिंदी) पाठ्यक्रम संचालित हैं। पूर्व विधायक दीप नारायण सिंह यादव ने महाविद्यालय की स्थापना के साथ एक लक्ष्य दिया था, की अध्यापन के साथ छात्र- छात्राओं को बहुमुखी प्रतिभा संपन्न बनाना है, जिससे क्षेत्र की प्रतिभायें उभरकर क्षेत्र के पिछड़ेपन दूर करने के साथ केवल अपने परिवार का नही बल्कि समाज का नाम रोशन करें। इसी भाव को साकार रूप में प्रकट करने के लिए महाविद्यालय में यूजीसी के मानकानुसार योग्य प्रवक्ता विषय का अध्यापन कर रहे हैं, वही एन एस एस/एन सी सी/रेंजर रोवर्स जैसी गतिविधिया छात्र-छात्राओं को एक अच्छा नागरिक बनाने में मदद कर रहे हैं। इन गतिविधियों से नौकरी में भी 15 अतिरिक्त अंक प्राप्त होते हैं। अध्ययनरत छात्र को अतिरिक्त समय में कैरियर गाइडेंस, संगीत, कंप्यूटर का प्रशिक्षण भी प्रदान किया जा रहा है। सांस्कृतिक तथा अकादमिक गतिविधियों में छात्र छात्रा विश्वविद्यालय स्तर पर अपना नाम रोशन कर रहे हैं। एन एस एस/एन सी सी में यहां के छात्र कानपुर तथा दिल्ली की गणतंत्र परेड तक सम्मिलित हुए हैं। क्रिकेट, बैडमिंटन, कबड्डी, खो-खो योगा, कुश्ती तथा अन्य खेलकूद संबंधी गतिविधियों के लिए न केवल विशाल हरा-भरा ग्राउंड बल्कि योग्य प्रशिक्षक भी मौजूद हैं। जिसके कारण मोंठ महाविद्यालय में क्रिकेट जैसे खेल में लगातार दो बार से चैंपियन का खिताब जीत रही है। यहां के छात्र-छात्रा भारत के कोने-कोने में जाकर अपने परिवार तथा क्षेत्र का मान बढ़ा रहे हैं। इस बर्ष कैम्पस इंटरव्यू कराकर महाविद्यालय में ही रोजगार की योजना बनाई गई है। जिससे ग्रामीण परिवेश के परिवारों के बच्चों को रोजगार महाविद्यालय के माध्यम से मिल सके। इस वर्ष से महाविद्यालय में ही कोचिंग की व्यवस्था की जा रही है। सुबह शाम संचालित कोचिंग में छात्र-छात्रा को साइंस, कॉमर्स के विषयों सहित कैैैरियर से संबंधित कोचिंग प्रदान की जाएगी।

टीकाराम यादव पी जी महाविद्यालय के स्टाप में यह रहें मौजूद——–इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ राजेंद्र खरे, डॉ इंदल सिंह शास्त्री, डॉ प्रणव त्रिपाठी, डॉ पिंकी सिंह, डॉ सौरभ श्रेष्ठ, डॉ विवेक सिंह चौहान, डॉ बृजेंद्र सिंह चौहान, अकील खान, लाखन सिंह, संजय अग्रवाल, चंद्रजीत यादव, डाॅ राजीव यादव, डॉ अवधेश प्रताप सिंह, डॉ रविकांत कुशवाहा, डॉ नरेंद्र सिंह कुशवाहा, डॉ एन डी विल्सन, पूनम यादव, अजय निरंजन, पवन गाॅचले, मोनिका परिहार, नंदनी पवार, चित्रांजना कश्यप, साक्षी प्रजापति, रचना सिंह, रेनू चौहान, प्राची अग्रवाल, दीप्ति मिश्रा, राजशरण कुशवाहा, प्रशांत खरे, जोगेंद्र सिंह, अभिषेक यादव एवं स्वतंत्र यादव आदि महाविद्यालय परिवार मौजूद रहा।

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