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91022खोया बुंदेली माटी का लाल , नहीं हो पायेगी ऐसे बुन्देली योद्धा की भरपाई – भानू सहाय

ByNeeraj sahu

Oct 25, 2024

खोया बुंदेली माटी का लाल , नहीं हो पायेगी ऐसे बुन्देली योद्धा की भरपाई – भानू सहाय।

झांसी। बुन्देलखंड निर्माण मोर्चा के अध्यक्ष भानू सहाय के आवास पर एक शोक सभा का आयोजन किया गया।
शोक सभा में भानु सहाय ने बताया कि बृज मोहन मिश्रा पेशे से वकील ,समाजसेवी थे ।आप ब्रह्ममण परिवार में जन्मे आध्यात्म एव पूजा पाठ से प्रेम के साथ आप मृदु भाषी सरल स्वभाव के समाजसेवा व्यक्तित्व के धनी थे। बुन्देलखंड निर्माण मोर्चा के संरक्षक एवं वीर पुरोधा भी रहे। आपका संघर्ष पहले विश्वनाथ शर्मा के साथ किया, फिर शंकर लाल महरोत्रा (शंकर भैय्या) एव राजा बुंदेला के साथ धार दार संघर्ष किया। आप अंतिम समय तक बुन्देलखंड निर्माण मोर्चा में संरक्षक के रूप में कार्य कर रहे। आंदोलन को बृज मोहन मिश्रा के जाने से जो क्षति हुई है जिसकी कभी भी भारपाई नही हो सकेती।
आपके द्वारा समाज के कई नए आयाम स्थापित किये गए। आप प्रारंभिक शिक्षा दीक्षा सदर बाजार के महाजनी पाठशाला से हुई,1952 मे हिंदी धर्म विशारद परीक्षा पास की , बिपिन बिहारी इंटर कालेज झांसी से पढ़ाई पूरी कर बुंदेलखंड डिग्री कॉलेज से स्नातक उपरांत लखनऊ विश्व विद्यालय से वकलात में डिग्री हासिल की।1962 में झांसी बार एशोशियन के सदस्य बने, झांसी में वकालात शुरू की। विविध कार्यों में भी आपने महारत हासिल कर 1982 नोटरी पब्लिक नियुक्त हुए,1989 में फैमिली कोर्ट काउंसलर बने,2010 भारत सरकार से एडीशनल काउंसलर बने ।
वर्ष 1996 में पूर्व प्रधानमंत्री एच. डी. देवगौड़ा भारत सरकार को हिंदी भाषा अध्ययन कराया।
15 अगस्त 1996 को लालकिले की प्राचीर से पूर्व प्रधानमंत्री एच डी देवगौड़ा के संबोधन का लेखन कार्य करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ।
झांसी की पावन बुन्देली माटी ने बृजमोहन मिश्रा जैसा एक लाल खोया हैं जिसकी हम सभी भरपाई नहीं कर सकते। शोक सभा में प्रबुद्ध समाजसेवियों वरिष्ठ नागरिक में सुरेंद्र सक्सेना, अशोक कुमार सक्सेना, हमीदा अंजुम,रघुराज शर्मा, गिरजा शंकर राय, कुंवर बहादुर आदिम,हनीफ खान, प्रदीप नाथ झा , गोलू ठाकुर बंटी दुबे, विकास पुरी, नौशाद खान प्रदीप कुमार गुर्जर, प्रेम सपेरा,एम सी अग्रवाल,नरेश वर्मा, बृजेश राय, अनिल कश्यप, विजय रायकवार, अरुण रायकवार, शंकर रायकवार, सतेंद्र श्रीवास्तव, गोविंद सोनकर, दुली चंद्र कुशवाहा, ऋषी भारती,राघवेंद्र यादव,हर भजन गुप्ता, अंकुश वर्मा आदि उपस्थित रहे।

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