मंडल के स्टेशनों पर QR कोड के माध्यम से भुगतान सुविधा उपलब्ध : रिफंड प्रक्रिया भी है आसान
डिजिटलीकरण को बढ़ावा देते हुए झांसी मंडल ने यात्री सुविधाओं में एक और मील का पत्थर जोड़ा है। मंडल रेल प्रबंधक दीपक कुमार सिन्हा के मार्गदर्शन में और वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक अमन वर्मा के नेतृत्व में मंडल के सभी आरक्षण और अनारक्षित टिकट काउंटरों पर QR कोड के माध्यम से डिजिटल भुगतान की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। यह सुविधा यात्रियों को सरल, पारदर्शी और सटीक भुगतान प्रक्रिया का अनुभव प्रदान कर रही है।
डिजिटल भुगतान की प्रमुख विशेषताएं:
1. यात्रियों को केवल QR कोड स्कैन करना होगा, जिसमें भुगतान राशि सहित सभी आवश्यक जानकारी पहले से उपलब्ध रहती है।
2. फुटकर पैसे की समस्या और लेनदेन में भूल-चूक की संभावनाओं का पूर्णतः समाधान।
3. पारदर्शी और सुरक्षित भुगतान प्रक्रिया।
4. यूपीआई ऐप के माध्यम से त्वरित और सरल लेनदेन।
डिजिटल भुगतान को प्रोत्साहित करने के लिए झांसी और ग्वालियर स्टेशनों पर विशेष काउंटर स्थापित किए गए हैं, जहां केवल कैशलेस लेनदेन किए जा रहे हैं। अन्य सभी स्टेशनों पर भी QR कोड के माध्यम से भुगतान की सुविधा वैकल्पिक रूप से उपलब्ध है।
रिफंड प्रक्रिया में पारदर्शिता: झांसी मंडल यात्रियों को यह आश्वासन देता है कि QR कोड के माध्यम से किए गए टिकट भुगतान के रिफंड में 1 घंटे से 48 घंटे तक का समय लग सकता है। हालांकि, रिफंड 100% सुनिश्चित होगा, और जिस खाते से डेबिट हुआ है उसी खाते में क्रेडिट होगा, परन्तु काश रिफंड नहीं हो सकेगा ।
मंडल रेल प्रबंधक दीपक कुमार सिन्हा ने यात्रियों से अपील की है कि वे रिफंड प्रक्रिया को लेकर चिंतित न हों और डिजिटल माध्यमों से भुगतान करने में सहयोग करें।
यात्रियों की सुविधा में वृद्धि: डिजिटल भुगतान सुविधा यात्रियों के लिए न केवल लेनदेन को आसान बना रही है, बल्कि भारत सरकार के डिजिटल अभियान में उनकी भागीदारी भी सुनिश्चित कर रही है। इस पहल से झांसी मंडल ने तकनीकी विकास और यात्री सुविधाओं में अभूतपूर्व योगदान दिया है।
झांसी मंडल की इस पहल से रेलवे टिकट वितरण प्रक्रिया में एक नई क्रांति आई है, जिससे यात्रीगण तेजी से और सहजता से टिकट प्राप्त कर पा रहे हैं। मंडल रेल प्रबंधन द्वारा यात्रियों को लगातार बेहतर और उन्नत सेवाएं प्रदान करने का प्रयास जारी रहेगा।