झांसी। भारत सरकार की दोहरी नीति के कारण भारतीय व्यापार लगातार गिरता जा रहा है और छोटे उद्योग लगभग समाप्त होते चले जा रहे हैं। वर्तमान में वालमार्ट फ्लिपकार्ट डील छोटे उद्योगों के बंद होने का सबसे बड़ा कारण है और इसी के चलते आगामी 28 सितंबर को भारत का व्यापार बंद रहेगा।
इसी संबंध में आज उत्तर प्रदेश व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष एवं कैट के राष्ट्रीय मंत्री संजय पटवारी ने पत्रकार वार्ता करते हुए बताया कि इस व्यापार बंद में देशभर के 40000 व्यापारिक संगठन एवं 70000000 व्यापारी अपना समर्थन दे रहे हैं। उन्होंने बताया कि वालमार्ट फ्लिपकार्ट डील एक तरह से ईस्ट इंडिया कंपनी की भारत में वापसी है और भारतीय व्यापारी किसी भी हाल में इसे भारत में नहीं उतरने देंगे। उन्होंने बताया कि वालमार्ट कंपनी के भारत में आने से भारतीय खुदरा बाजार लगभग पूरी तरह समाप्त हो जाएगा। भारत में खुदरा बाजार की 85% भागीदारी है और 40 करोड़ लोगों को रोजगार उपलब्ध होता है और यदि विदेशी कंपनी भारत में आती है तो व्यापारी आत्महत्या करने को मजबूर होगा। उन्होंने बताया कि जापान की कंपनी अलीबाबा, अमेरिका की कंपनी अमेजन सहित कई विदेशिया कंपनी भी भारत में घुसने की फिराक में है और भारत सरकार सब्सिडी देकर इनके हौसलों को बुलंद कर रही है। छोटे व्यापारियों से सब्सिडी छीन रही है।
संगठन के पदाधिकारियों ने बताया कि 26 सितंबर को शाम 6:00 बजे लक्ष्मी बाई पार्क झांसी से मसाल जुलूस निकाला जाएगा और 27 सितंबर को मुक्ताकाश मंच से बाहर रैली निकाली जाएगी। 28 सितंबर को सुबह से व्यापार मंडल की 8 टीमें बाजारों में भ्रमण करते हुए समस्त व्यापारियों से बंद में अपना साथ देने का अनुरोध करेगी और पैदल मार्च करते हुए जिलाधिकारी को प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन दिया जाएगा।
इस दौरान प्रोफेसर एस आर गुप्ता, संतोष साहू, शकील खान, राजेश बिरथरे, भरत राय, चौधरी फिरोज आदि उपस्थित रहे।
रिपोर्ट-=आयुष साहू