जालौन (कोंच)। थियेटर के कलाकार ही वास्तविक कलाकार होते हैं। जितनी मेहनत, लगन और निष्ठा से थियेटर के कलाकार रंगकर्म करते हैं, उतनी मेहनत टी वी और सिनेमा के कलाकार नही कर सकते।
उपरोक्त विचार सब टी वी पर प्रसारित सीरियल तारक मेहता का उल्टा चश्मा के अहम किरदार जनपद जालौन निवासी अभिनेता मानसिंह करामाती ने भारतीय जन नाटय संघ (इप्टा) कोंच इकाई द्वारा “अभिनय से संवाद” कार्यक्रम के अन्तर्गत अमर चन्द्र माहेश्वरी इंटर कॉलेज कोंच में आयोजित संगोष्ठी में रंगकर्मियों को संबोधित करते हुए व्यक्त किए।
तंत्र, नवरंगी, मेरी हानिकारक बीबी, लेडीज स्पेशल जैसे टी वी सीरियल्स में अपने अभिनय के जौहर दिखा रहे अभिनेता मानसिंह करामाती ने कहा कि कलाकार पानी की तरह होता है, उसे बर्तन रूपी किरदार में रखे, वह उसी में डूब कर काम करता है। उन्होंने कहा कि एक्टिंग झूठ का प्रस्तुतिकरण है। हम असली जीवन कुछ और होते हैं, अभिनय की दुनिया में विभिन्न किरदारों को निभाते हैं।
इस अवसर पर हम दो जुड़वां भाई, वाटर एक साजिश टी वी धारावाहिकों में काम कर रहे अभिनेता सागर गुप्ता ने कहा कि जीवन में सफल होने के लिए जोश और जुनून जरूरी है। एक कलाकार एक साधक की तरह होता है, वह अभिनय रूपी जितना तप करेगा, उतना ही उसकी अदाकारी में निखार आएगा। वहीं हम दो जुड़वां भाई, कीटाणु मैन वेब सीरीज के अभिनेता अभिषेक कुशवाहा ने कहा कि अभिनय में भावों की अहम भूमिका है, हम भावों के आधार पर अपना उत्कृष्ट अभिनय कर सकते है।
इप्टा रंगकर्मियों से संवाद करते हुए सभी नवोदित कलाकारों ने रंगकर्मियों को अभिनय की बारीकियों से अवगत कराते हुए अपने-अपने जीवन संघर्षों के अनुभवों को साझा किया।
कार्यक्रम को स्थानिय अभिनेता रंजीत कुशवाहा, अरुण सेंगर, ने भी संबोधित किया।
रंगकर्मी सायना, आस्था बाजपेयी, तैय्यबा, आदर्श, सेंकी, कोमल, पूजा, युनूस, ट्रिंकल राठौर आदि द्वारा जनगीत की प्रस्तुति दी गई। जबकि राज शर्मा, प्रिया बाथम, सैकी यादव, अंकिता राठौर, रिया, स्नेहा, राम जी, युनूस, आदि द्वारा नाटक हरदौल का मंचन कर सभी को भाव विभोर कर दिया।
अपने अध्यक्षीय संबोधन में संरक्षक अनिल कुमार वैद एडवोकेट ने कहा कि समाज को सही दिशा देने में इप्टा रंगमंच के माध्यम से अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। इप्टा न केवल बच्चों की प्रतिभाओं को समाज के सामने ला रहा है, बल्कि उनकी भावी जीवन की तैयारी की कार्ययोजना के नियोजन में भी मददगार है। इस अवसर पर इप्टा कोंच के संस्थापक अध्यक्ष डॉ मुहम्मद नईम ने इप्टा के इतिहास और इप्टा कोंच द्वारा आयोजित कार्यक्रमों पर प्रकाश डाला।
इस अवसर पर रामलीला विशेषज्ञ रमेश तिवारी, बुन्देली लोक कला विशेषज्ञ पी डी रिछारिया, बार संघ कोंच के पूर्व महामंत्री डॉ अफजाल खान, शिक्षक सुखलाल नायक, विवेक द्विवेदी, राजीव अग्रवाल, पत्रकार लालसिंह यादव, रविकांत द्विवेदी, शैलेन्द्र पटेरिया, जितेंद्र सोनी, नवीन कुशवाहा, मंजर खान, हरिओम याग्यिक, दुर्गेश कुशवाहा, विशाल यज्ञिक, योगवेंद्र कुशवाहा, आशीष गुप्ता, समर्थ बाजपेई, अमन खान, दानिश, कैफ मंसूरी आदि उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन इप्टा कोंच के संस्थापक अध्यक्ष डॉ मुहम्मद नईम ने, स्वागत पारसमणी अग्रवाल ने तथा आभार ट्रिंकल राठौर ने व्यक्त किया।
थियेटर के कलाकार ही वास्तविक कलाकार:रिपोर्ट-रविकान्त द्विवेदी