जालौन:-बुंदेले हर बोलों के मुंह हमने सुनी कहानी थी। खूब लडी मर्दानी वो तो झाँसी वाली रानी थी।
महादेवी वर्मा की लिखी इस कविता को सुनते ही जैसे एक नया जोश भर जाता है।
आज़ महारानी लक्ष्मीबाई का 133 वा बलिदान दिवस है। आज़ जनपद जालौन के जालौन नगर क्षेत्र में स्थित लक्ष्मीबाई पार्क में उनकी प्रतिमा पर बुंदेलखंड मुक्ति मोर्चा के नेता प्रद्युम्न दीक्षित तथा उनके साथियों ने माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया तथा उनके बलिदान को याद करते हुए कहा कि ऐसी बीरांगना सदियों तक याद रहेगी।