• Wed. Jan 28th, 2026

Jhansi Darshan

No 1 Web Portal in jhansi

श्रवण नक्षत्र में हो प्रतिमा का विसर्जन-विसर्जन यात्रा में नहीं होगा गुलाल का प्रयोग, गाजे बाजे के साथ-अंचल अड़जरिया

By

Oct 21, 2020

 

श्रवण नक्षत्र में हो प्रतिमा का विसर्जन- अंचल अड़जरिया

– विसर्जन यात्रा में नहीं होगा गुलाल का प्रयोग, गाजे बाजे के साथ निकलेगीं शोभायात्रा

झांसी। बुधवार को दुर्गा उत्सव महासमिति की आवश्यक बैठक रानी महल स्थित कार्यालय पर संपन्न हुई। जिसमें विजयादशमी दशहरा पर्व व मां दुर्गा प्रतिमा विसर्जन के सम्बंध में विस्तार पूर्वक विद्वान ब्राह्मणों तथा ज्योतिषियों ने विचार विमर्श किया। सभी ने एक राय होकर के कहा की अष्टमी और नवमी एक तिथि में पढ़ रही हैं और श्रवण नक्षत्र सिर्फ 25 अक्टूबर को है श्रवण नक्षत्र में ही दशहरे को मनाया जाता है। इस अवसर पर महासमिति के महामंत्री अंचल अडजरिया ने कहा की प्रतिमा विसर्जन यात्रा में गुलाल उड़ाना व गुलाल का प्रयोग दुर्गा उत्सव समिति ना करें। जिस तरह से प्रत्येक वर्ष गाजे-बाजे के साथ विसर्जन यात्रा निकलती है उसी तरह से परंपरागत ढंग से इस यात्रा को संपन्न करे। उन्होंने कहा कि सभी दुर्गा प्रतिमा समितियां 25 अक्टूबर को ही प्रतिमा विसर्जन यात्रा निकालेंगे । सिंधी तिराहे पर सभी प्रतिमाएं एकत्रित होकर जिस तरह प्रत्येक वर्ष निकलती हैं उसी तरह से निकलेगीं । बैठक में प्रमुख रूप से दुर्गा उत्सव महासमिति के अध्यक्ष पुरुषोत्तम स्वामी, दुर्गा उत्सव महासमिति के यात्रा संयोजक पीयूष रावत, सह संयोजक पुरुकेश अमरया, संजीव तिवारी, वरिष्ठ उपाध्यक्ष विजय जैन आदि उपस्थित रहे ।

Jhansidarshan.in