ग्रामीण एडिटर धीरेन्द्र रायकवार
मऊरानीपुर झांसी न्यूज़
मऊरानीपुर तहसील के विकासखंड बंगरा के अंतर्गत आने वाले ग्राम अड़जार तालाब को सिंचाई विभाग द्वारा बरसों के बाद नीलम करने की तैयारी की जा रही है इसके विरोध में सैकड़ों मछुआरों ने तहसील परिसर में पहुंच कर नारेबाजी करते हुए तालाब की नीलामी निरस्त करने की मांग करते हुए मुख्यमंत्री को संबोधित हस्ताक्षरयुक्त ज्ञापन उप जिलाधिकारी को सौंपा जानकारी के अनुसार बृहस्पतिवार की दोपहर लगभग 12:00 बजे सैकड़ों की संख्या में मऊरानीपुर तहसील पहुंचे मछुआरे ने जिनमें महिलाएं भी काफी संख्या में शामिल थी सभी ने अड़जार तालाब की नीलामी का विरोध करते हुए नारेबाजी शुरू कर दी तथा उप जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा जिसमें बताया गया कि सैकड़ों वर्षो से मछुआरों के भरण-पोषण वाह रोजी रोटी का एकमात्र आसरा तालाब है जिससे लगभग 600 मछुआरों के परिवार के लगभग 6000 लोगों की रोजी रोटी चलती आ रही है ऐसी स्थिति को देखते हुए पूर्व की सरकारों ने इस तालाब की नीलामी 1972 तक नहीं की लेकिन जब सिंचाई विभाग में 1973 के बाद पहली बार तालाब की नीलामी ठेकेदारों को कीटो ठेकेदारों द्वारा गरीब असहाय मछुआरों पर तथा उन्हें प्रताड़ित किया गया इस घटना से मथुरा रोड ठेकेदार के बीच जो विवाद पैदा हुआ उसमें लगभग 30 महिलाएं पुरुष गंभीर घायल हुए थे तथा घटना की रिपोर्ट पुलिस द्वारा दर्ज की गई थी सिंचाई विभाग द्वारा इस स्थिति को नजरअंदाज करते हुए 26 जुलाई को पुनः तालाब की नीलामी की तैयारियां शुरू कर दी गई जिससे मछुआरों के परिवारों को रोजी-रोटी राशन कार्ड Mardaani लगा है सभी मतवाले वर्षों से राजा तालाब में मछली का शिकार कर अपने परिवार के बच्चों का भरण पोषण कर रहे हैं यह सासन जमींदार शासन से लगातार चली आ रही है तथा पूर्व की सरकार ने भी मछुआरों के हित को देखते हुए तालाब की नीलामी नहीं है तालाब की नीलामी के हजारों लोग बेघर होकर दूसरे प्रदेशों को पलायन कर रहे हैं/