जनपद में धारा-163लागू रहेगी 28 फरवरी तक
** आदेश काउल्लघंन करने वाला व्यक्ति भारतीय न्याय संहिता की धारा 223 के अन्तर्गत होगा दण्डनीय
झांसी: विगतवर्षों की भांति जनपद में गणतन्त्र दिवस, जननायक कर्पूरी जन्मदिवस, बसंत पंचमी,महाशिव रात्रि, संत रविदास जयन्ती, शब-ए-बरात व महाकुम्भ आयोजित होना हैतथा विभिन्न सामायिक एवं प्रतियोगितात्मक परीक्षायें आयोजित होना है। साथ ही अनाधिकृत निर्माण/अतिक्रमण हटाये जाने पर शान्ति व्यवस्था बनाए रखना आवश्यक है, इन अवसरों/कार्यक्रमों पर पर स्वार्थी तत्वों द्वारा अनुचित लाभ के उद्देश्य से ऐसीगतिविधियां की जा सकती है, जिससे साम्प्रदायिक एवं शांति/कानून व्यवस्था की स्थितिपर विपरीत प्रभाव पड़ सकता है तथा कतिपय अवांछनीय तत्व द्वारा त्यौहारों, नकल विहीन परीक्षा सम्पादित कराने में बाधा उत्पन्न की जा सकती है।
जिला मजिस्ट्रेट, झांसी द्वारा जनपदझाँसी हेतु भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा-163 के अंतर्गतप्रदत्त अधिकारों का प्रयोग करते हुये आदेश पारित करते हुये निर्देश दिये है कि कोई भी व्यक्ति जनपद झाॅंसी के क्षेत्रान्तर्गत आन्दोलन या प्रदर्शन करने के उद्देश्य से पांच से अधिक व्यक्तियों का समूह नहीं बनायेगा, जुलूस नहीं निकालेगा, किसी प्रकार काप्रदर्शन नहीं करेगा और न ही कोई उत्तेजनात्मक नारेबाजी करेगा। कोई भी व्यक्ति सार्वजनिक स्थान अथवा किसी सरकारी कार्यालय, सार्वजनिक अथवा आवश्यक सेवा सम्बन्धी प्रतिष्ठानों के आस-पास हड़ताल, धरना, घेराव व नारेबाजी नहीं करेगा।कोई भी व्यक्ति सार्वजनिक स्थान पर मदिरा या किसी मादक पदार्थ का सेवन करके विचरणनही करेगा।
जिला मजिस्ट्रेट द्वारा निर्देश दिये है किकोई भी व्यक्ति परीक्षा केन्द्रों पर अनाधिकृत रुप से प्रवेश नही करेगा। कोई भीव्यक्ति/संचालक रात्रि 10 बजे से प्रातः 06 बजे तक ध्वनि विस्तारक यन्त्रों/डेक का प्रयोग नहींकरेगा, इसका उल्लंघन करने पर उसके विरुद्व कठोर कार्यवाही की जायेगी। मा0 सर्वोच्चन्यायालय/मा0 उच्च न्यायालयों द्वारा समय-समय पर जारी किए गए निर्देशों काअनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा।
उपरोक्त परिस्थितियों को दृष्टिगतरखते हुए यह आदेश तत्काल प्रभाव से एकपक्षीय रूप से पारित किया जाता है, जोसम्पूर्ण जनपद झाँसी क्षेत्रान्तर्गत प्रभावी होगा। यह आदेश सम्पूर्ण झाँसी जिलाक्षेत्रान्तर्गत दिनांक 28 फरवरी 2025 तक लागू रहेगा। यह आदेश झाँसी जिले मेंप्रवेश करने वाले सभी व्यक्तियों पर लागू होगा। इस आदेश का उल्लघंन करने वालाव्यक्ति भारतीय न्याय संहिता की धारा 223 के अन्तर्गत दण्डनीय होगा।