जनपद में पाक्सो एक्ट के 03 मुकद्दमों में दोषियों को कारावास सहित जुर्माना लगाए जाने पर एडीएम प्रशासन ने किया उत्साहवर्धन
** वादों के प्रभावी पैरवी करते हुए शासकीय अधिवक्ता अधिक से अधिक दोषियों को सजा दिलाना सुनिश्चित करें:-एडीएम
** जनपद में अभियान चलाकर धारा-145 के लंबित प्रकरणों का निस्तारण किया जाना सुनिश्चित किया जाए:-अपर जिलाधिकारी
** अपर जिलाधिकारी ने अभियोजन कार्यों की समीक्षा कर दिए निर्देश,किसी भी दशा में अपराधी सजा से बचने ना पाए
** अपर जिलाधिकारी ने शासकीय अधिवक्ताओं से वादो में शीघ्रता से प्रभावशाली पैरवी किए जाने के लिए आवश्यक दिशा निर्देश दिए
** अभियोजन समिति की बैठक कर वादो के निस्तारण की हुई समीक्षा, महिलाओं के विरुद्ध घटित घटनाओं के प्रति गंभीर होकर पैरवी करें शासकीय अधिवक्ता
** पाक्सो एक्ट, एनडीपीएस एक्ट, हत्या, डकैती आदि मामलों में अविलम्ब प्रभावी कार्यवाही करना सुनिश्चित करें :- अपर जिलाधिकारी
अपर जिलाधिकारी श्री शिव प्रताप शुक्ल ने कलेक्ट्रेट स्थित नवीन सभागार में अभियोजन समिति की बैठक में वादों के निस्तारण के सम्बन्धित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए उपस्थित शासकीय अधिवक्ताओं से एक-एक वाद के संबंध में की गई कार्रवाई की जानकारी प्राप्त करते हुए प्रभावी पैरवी कर सरकार के पक्ष में निस्तारण कराए जाने के निर्देश दिए।
अभियोजन समिति कि बैठक में अध्यक्षता करते हुए एडीएम श्री शिव प्रताप शुक्ल ने उपस्थित शासकीय अधिवक्ता एवं पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिए कि पिट एनडीपीएस एक्ट-1988 से संबंधित नशे का कारोबार करने वाले अपराधियों पर भी कार्रवाई करना सुनिश्चित किया जाए। बैठक में गुंडा एक्ट/गैंगस्टर, महिला उत्पीड़न धारा-354 से संबंधित अनेकों प्रकरण पर विस्तृत चर्चा की गई और अपराधियों को सजा दिलाए जाने के निर्देश दिए।
अपर जिलाधिकारी श्री शिव प्रताप शुक्ल ने अभियोजन कार्यों की समीक्षा करते हुए जनपद में श्री विजय सिंह कुशवाहा विशेष लोक अभियोजक स्पेशल जज पोस्को एक्ट द्वारा 03 मुकदमों में जिसमें सरकार बनाम शाहिद सजा 03 साल कारावास, सरकार बनाम कमलेश वर्मा छोटू सजा 10 साल एवं सरकार बनाम महेन्द्र पाल 10 वर्ष कारावास के अतिरिक्त जुर्माना होने पर प्रशंसा व्यक्त करते हुए उत्साहवर्धन किया।
अपर जिलाधिकारी ने अभियोजन अधिकारियों एवं शासकीय अधिवक्ताओं से कहा कि गैंगस्टर, महिलाओं और बच्चों से संबंधित आपराधिक मामलों का निर्धारित समयावधि के अंतर्गत निस्तारण कराया जाना सुनिश्चित करें, हम सबकी प्राथमिकता होनी चाहिए कि हम न्याय समय से दिला सकें। उन्होंने कहा कि शासन के मंशानुरूप महिलाओं व बच्चों के विरुद्ध अपराधों से संबंधित वादों में शीघ्रता लाते हुए गवाहों को बुलाकर न्यायालय में वादो को तय कराकर अभियुक्त को अधिक से अधिकतम सजा दिलाई जाए। उन्होंने वादों की समीक्षा के दौरान लंबित मामलों की सूची तैयार करते हुए उन पर अधिक फोकस करें ताकि लंबित मामलों का निस्तारण कराया जाना सुनिश्चित किया जा सके।
समीक्षा के दौरान उन्होंने कहा कि शासन के निर्देशों का शत-प्रतिशत अनुपालन किया जाए। उन्होंने विवेचक द्वारा संवेदनशील होकर विवेचना गुणवत्ता और समय के साथ करने के निर्देश दिए, इसके साथ ही उन्होंने साक्ष्यों को सुरक्षित रखे जाने के भी निर्देश दिए ताकि सुनवाई के दौरान उन्हें प्रस्तुत कर वाद को प्रभावी ढंग से न्यायालय में रखा जा सके और दोषियों को सजा दिलाई जा सके। उन्होने कहा कि महिलाओं से संबधित अपराध, हत्या, अपहरण, बलात्कार जैसी घटनाओं का चार्ट अलग बनाया जाए। उन्होंने पास्को एक्ट में पैरोकार की व्यवस्था करने के निर्देश देते हुए कहा कि लक्ष्य निर्धारित करते हुए अधिक से अधिक दोषियों को सजा दिलाया जाना सुनिश्चित किया जाए जिससे अपराधियों को यह मैसेज जाए कि छोटे से छोटा अपराध करने पर भी वह सजा से बच नहीं सकते।
समीक्षा बैठक में अपर जिलाधिकारी ने ई-प्रॉसिक्यूशन पोर्टल पर दैनिक अभियोजन कार्यों की फीडिंग, अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम के अंतर्गत अभियुक्तों को सजा दिलाने की स्थिति, प्रर्वतन कार्यों से सम्बन्धित विवरण, आबकारी अपराधों के नियन्त्रण के लिए मारे गए छापों का विवरण, कृषि प्रकोष्ठ द्वारा न्यायालय भेजे गए मामले, खाद्य अप मिश्रण निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई, श्रम विभाग से संबधित विवरण पत्र मिशन शक्ति से सम्बन्धित मामले पाक्सों एक्ट, जुवैनाइल एक्ट, आर्म्स एक्ट, एक्साईज एक्ट आदि पर गहन समीक्षा कर प्रभावी क्रियान्वयन पर बल दिया गया। उन्होंने कहा कि जनपद के अपराधियों में कानून का भय होना अनिवार्य है, अधिवक्ता गण ऐसी पैरवी करना सुनिश्चित करें।
इस दौरान बैठक में एसपी ग्रामीण डाॅ0 आरविन्द कुमार, संयुक्त निदेशक अभियोजन श्री देशराज सिंह, श्री विजय सिंह कुशवाहा डीजीसी, श्री मृदुलकांत श्रीवास्तव डीजीसी, श्री दीपक तिवारी विशेष लोक अभियोजक, एडीज़ीसी श्री संजय पाण्डेय, श्री रवि प्रकाश गोस्वामी, श्री तेज सिंह गौर, श्री देवेन्द्र पांचाल,श्री ज्ञान स्वरूप राजपूत,श्री पुष्पेन्द्र राजपूत, श्री रविशंकर द्विवेदी, श्री संजय देव शर्मा, श्री राजेन्द्र कुमार रावत, श्री नरेंद्र खरे सहित समस्त जिला शासकीय अधिवक्तागण, सहायक शासकीय अधिवक्ता विशेष लोक अभियोजक, एपीओ आदि उपस्थित रहे।